महासमुंद: खल्लारी माता मंदिर में रोपवे हादसा,एक युवती की मौत, चार गंभीर रूप से घायल
खल्लारी (महासमुंद) | 22 मार्च,2026:छत्तीसगढ़ के सुप्रसिद्ध पर्यटन और धार्मिक स्थल खल्लारी माता मंदिर में रविवार की सुबह एक भीषण हादसा हो गया। चैत्र नवरात्रि के चलते मंदिर में उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच, रोपवे का केबल अचानक टूट गया। जिससे ट्रॉली लगभग 20 फीट नीचे सीधे पहाड़ी की चट्टानों से जा टकराई। इस दर्दनाक हादसे में रायपुर निवासी एक महिला की मौत हो गई, जबकि 16 अन्य लोग घायल हुए हैं।
घटना का विवरण
हादसा सुबह करीब 11:00 बजे हुआ। दर्शनार्थियों से भरी ट्रॉली जब नीचे की ओर आ रही थी, तभी तकनीकी खराबी के कारण केबल टूट गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रॉली अनियंत्रित होकर तेजी से नीचे गिरी और चट्टान से टकराने के कारण उसके परखच्चे उड़ गए।
* मृतक: आयुषी (28 वर्ष), निवासी- राजा तालाब, रायपुर।
* घायल: कुल 16 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से 4 की हालत गंभीर बताई जा रही है।
प्रशासनिक सक्रियता और राहत कार्य
हादसे की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया। कलेक्टर विनय लंगेह के निर्देश पर एसडीएम नमिता मार्कोले और तहसीलदार नितिन ठाकुर पुलिस बल के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे। स्थानीय ग्रामीणों और प्रशासन की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, बागबाहरा में भर्ती कराया गया।
> कलेक्टर विनय लंगेह का बयान: > "हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता घायलों का समुचित उपचार और उन्हें आवश्यक सहायता प्रदान करना है। इस पूरी घटना की बारीकी से तकनीकी जांच कराई जाएगी ताकि दुर्घटना के सही कारणों का पता चल सके और भविष्य में ऐसी पुनरावृत्ति न हो।"
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घायलों की आधिकारिक सूची
प्रशासन द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, घायलों में रायपुर और महासमुंद के श्रद्धालु शामिल हैं:
| क्षेत्र | घायलों के नाम |
| रायपुर (टिकरापारा) | हेमलाल नागेश्वर, रतन नागेश्वर, हेमिन, हुलसी, पूर्वी, टिया, अमलेश |
| रायपुर (दलदल सिवनी) | टोमेश्वरी साहू, कुमेश साहू, हर्ष साहू |
| रायपुर (राजा तालाब) | ऋषभ धावरे, छ्यांश, मनस्वी |
| महासमुंद | गोविंद स्वामी, नमिता स्वामी, अंशुका स्वामी |
सुरक्षा पर उठे गंभीर सवाल
नवरात्रि जैसे महत्वपूर्ण पर्व पर जब हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं, तब रोपवे के रखरखाव (Maintenance) में इतनी बड़ी लापरवाही ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते तकनीकी जांच और सुरक्षा ऑडिट किया जाता, तो यह जानलेवा हादसा टाला जा सकता था।
नोट: प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और घायलों को बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर किया गया है।
कंचन यादव
सहसंपादक/नारद एक्सप्रेस न्यूज